थायरॉइड और महिलाओं का स्वास्थ्य: लक्षण, कारण, डाइट, आयुर्वेदिक इलाज और समग्र समाधान
श्वेत प्रदर (Leukorrhea) या सफेद पानी आना: कारण, लक्षण, बचाव और इलाज
वो है — श्वेत प्रदर या योनि से सफेद पानी आना।
असल में यह एक बहुत आम चीज़ है, लेकिन सबको यह समझना जरूरी है कि कब यह सामान्य है और कब यह बीमारी का संकेत हो सकता है।
तो आइए इसे बहुत आसान भाषा में और विस्तार से समझते हैं।
सबसे पहले समझते हैं — श्वेत प्रदर होता क्या है?
श्वेत प्रदर का मतलब है — योनि से सफेद, हल्का पीला या कभी-कभी गाढ़ा स्राव निकलना।
इसे अंग्रेज़ी में Leukorrhea कहा जाता है।
अब ध्यान रखें —
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यीस्ट या खमीर संक्रमण :
इसके वजह से वजाइना के आस-पास कॉटेज चीज़ जैसा डिस्चार्ज, लालिमा, और खुजली होती है. खमीर या यीस्ट संक्रमण, एक तरह का संक्रमण है जो कैंडिडा एल्बिकेंस नाम के यीस्ट की वजह से होता है. यह संक्रमण आमतौर पर शरीर के गर्म और नम हिस्सों में होता है, जैसे कि प्राइवेट पार्ट के मुंह और त्वचा के नम क्षेत्र में होने वाले यीस्ट संक्रमण को वुल्वोवैजिनल कैंडिडिआसिस कहते हैं.बैक्टीरियल वेजिनोसिस: इसमें प्राइवेट पार्ट के बैक्टीरिया में असंतुलन की वजह से खुजली और असामान्य स्राव हो सकता है.
यौन संचारित संक्रमण (एसटीआई) जिसमें ट्राइकोमोनिएसिस या जननांग दाद जैसी कुछ एसटीआई योनि में खुजली के रूप में प्रकट हो सकते हैं.
एक्ज़िमा और सोरायसिस जैसी त्वचा के रोग की स्थिति प्राइवेट पार्ट क्षेत्र में लालिमा और खुजली पैदा कर सकती है.
रजोनिवृत्ति के दौरान हार्मोनल बदलावों की वजह से भी योनि का सूखापन और खुजली हो सकती है.
योनि में योनिशोथ या वैजिनाइटिस होने वाली सूजन या संक्रमण की स्थिति में महिलाओं को योनि में खुजली, दर्द, और जलन हो सकती है।
इसके अलावा, खुजली के ये कुछ और भी कारण हो सकते हैं:
• साबुन, डिटर्जेंट, या सिंथेटिक कपड़ों से भी खुजली और जलन हो सकती है।
• योनि पर खुशबु वाले स्प्रे या परफ़्यूम लगाना से भी खुजली और जलन हो सकती है।
• गंदे टॉयलेट पेपर का इस्तेमाल से भी खुजली और जलन हो सकती है।
• गर्भनिरोधक दवाओं का सेवन से भी खुजली और जलन हो सकती है।
प्राइवेट पार्ट में खुजली के उपचार
- यीस्ट संक्रमण से राहत पाने के लिए, प्रिस्क्रिप्शन या ओवर-द-काउंटर एंटीफ़ंगल क्रीम या सपोसिटरी का इस्तेमाल किया जा सकता है.
- बैक्टीरियल वेजिनोसिस जैसे जीवाणु संक्रमण के लिए एंटीबायोटिक्स का उपयोग किया जा सकता हैं.
- गंभीर खुजली के लिए, कॉर्टिकोस्टेरॉयड क्रीम से राहत मिल सकती है.
- प्राइवेट पार्ट की स्वच्छता बनाए रखना अति आवश्यक है। हल्के, खुशबू रहित साबुन से हल्की सफ़ाई करें और हल्का और सॉफ्ट सूती अंडरवियर पहनें.
- सुगंधित उत्पादों, डूश, और कठोर रसायनों से दूर रहें.
- डिटर्जेंट बदलना और अंडरवियर को ज़्यादा बार बदलना भी मदद कर सकता है.
खुजली के लिए कुछ घरेलू उपचार भी अपनाए जा सकते हैं, जैसे कि:
यीस्ट संक्रमण के लिए प्रभावित जगह पर दही और शहद का मिश्रण एक प्रभावी उपाय है.
- बेकिंग सोडा का इस्तेमाल नहाने के पानी में मिलाकर या पेस्ट के रूप में किया जा सकता है. यह सूखी त्वचा से होने वाली खुजली से राहत दिलाता है.
- कोलाइडल ओटमील को नहाने के पानी में मिलाकर स्नान करने से कॉन्टैक्ट डर्मेटाइटिस या एक्जिमा से होने वाली खुजली में आराम मिलता है.
- नीम के तेल या पत्ते के पेस्ट का इस्तेमाल किया जा सकता है. नीम एक सक्रिय परजीवी विकर्षक (parasite repellent) है।
- मुल्तानी मिट्टी का पेस्ट सूखी त्वचा से होने वाली खुजली से राहत दिलाता है.
अगर खुजली लगातार बनी रहती है या अन्य लक्षण (जैसे दर्द, जलन या असामान्य डिस्चार्ज) हैं, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
Source - Information Center
खुजली के लिए कुछ घरेलू उपचार भी अपनाए जा सकते हैं, जैसे कि:
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